नैनीताल:भगवान वाल्मीकि आश्रम समिति मल्लीताल में महर्षि वाल्मीकि जयंती का पावन पर्व श्रद्धा और भक्ति के वातावरण में धूमधाम से मनाया गया। कार्यक्रम की शुरुआत समाजसेविका संध्या शर्मा ने अपने कर-कमलों से भगवान वाल्मीकि जी की पूजा और हवन कर की।
मंत्रोच्चार, दीप प्रज्वलन और भक्ति गीतों से सजी इस अनुष्ठानमयी सुबह में संध्या शर्मा ने समाज में उन्नति, शांति और भाईचारे की कामना की। पूरे आयोजन के दौरान आश्रम में भक्ति और श्रद्धा का भावपूर्ण माहौल बना रहा। भगवान वाल्मीकि जी की स्तुति, भजन और आरती से वातावरण पवित्र हो उठा।
कार्यक्रम के दौरान समिति की ओर से संध्या शर्मा को भगवान राम दरबार की तस्वीर और चुनरी ओढ़ाकर सम्मानित किया गया। यह सम्मान उन्हें उनके निरंतर सामाजिक कार्यों, सेवा भावना और समाज में नारी शक्ति के प्रतीक स्वरूप प्रदान किया गया।
समिति पदाधिकारियों ने कहा —
संध्या शर्मा समाज में सेवा, समर्पण और नारी शक्ति की प्रतीक हैं। उन्होंने सदैव समाज के उत्थान और धार्मिक आयोजनों में अग्रणी भूमिका निभाई है।
संध्या शर्मा ने अपने संबोधन में कहा —
महर्षि वाल्मीकि जी का जीवन हमें सिखाता है कि सच्ची भक्ति सेवा और समर्पण में है। उनका आदर्श आज भी समाज को प्रेरणा और नई दिशा देता है।
इस अवसर पर समिति अध्यक्ष धर्मेंद्र प्रसाद, महासचिव मनोज जी, संरक्षक मनोज पवार, प्रवक्ता जगमोहन जी, संयोजक अशोक कुमार, सलाहकार मुकेश पवार सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
पूरे नैनीताल में इस अवसर पर भक्ति, एकता और समाजसेवा की भावना का सुंदर संगम देखने को मिला।
