हल्द्वानी: गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी का मामला सामने आने के बाद प्रशासन सख्त हो गया है। कुमाऊं आयुक्त दीपक रावत के निर्देश पर इंडेन गैस से जुड़े कुछ कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए गए हैं।
दरअसल, पश्चिम एशिया में चल रहे तनाव के कारण गैस आपूर्ति को लेकर पहले से ही स्थिति संवेदनशील बनी हुई है। ऐसे में जिला प्रशासन जहां एक ओर उपभोक्ताओं तक गैस की पारदर्शी और सुचारु आपूर्ति सुनिश्चित करने में जुटा है, वहीं दूसरी ओर कुछ कर्मचारी इस व्यवस्था में गड़बड़ी करने से बाज नहीं आ रहे हैं।
सोमवार को आयुक्त दीपक रावत को सूचना मिली कि हल्द्वानी के डहरिया क्षेत्र में महेंद्र फोटो स्टूडियो के पास इंडेन गैस सिलेंडरों का वितरण किया जा रहा है। जांच में सामने आया कि गैस बांटने वाले कर्मचारी 10 भरे हुए सिलेंडर मौके पर छोड़कर चले गए और उनके बदले खाली सिलेंडर नहीं लिए गए।
इस पर संदेह होने पर आयुक्त ने संबंधित ठेकेदार और कर्मचारियों को तलब कर जवाब मांगा, लेकिन वे इस बारे में कोई संतोषजनक स्पष्टीकरण नहीं दे सके। इसके बाद मामले को गंभीर मानते हुए कालाबाजारी की आशंका के चलते आउटसोर्स कर्मचारी संदीप, प्रेमपाल सिंह ठाकुर और प्रमोद चौहान के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए गए।
आयुक्त दीपक रावत ने स्पष्ट तौर पर कहा है कि गैस वितरण व्यवस्था में किसी भी प्रकार की लापरवाही या गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि कालाबाजारी और घटतौली जैसी शिकायतों पर सख्ती से कार्रवाई की जाएगी, ताकि आम उपभोक्ताओं को किसी तरह की परेशानी न झेलनी पड़े।
इसके साथ ही उन्होंने केएमवीएन और गैस एजेंसी से जुड़े अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे नियमित रूप से औचक निरीक्षण करें और वितरण व्यवस्था पर लगातार नजर रखें, जिससे पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और व्यवस्थित बनी रहे।
