लालकुआं: लालकुआं में प्रॉपर्टी डीलर और समाजसेवी महेश जोशी की संदिग्ध मौत के मामले में पुलिस ने जांच की रफ्तार बढ़ा दी है। सोमवार को हुए हंगामे और पटवारी पूजा रानी को पूछताछ के लिए हिरासत में लेने के बाद मंगलवार को पुलिस ने तहसील परिसर और आसपास लगे सभी सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। इस दौरान तहसील में मौजूद कर्मचारियों और स्थानीय लोगों से भी पूछताछ की गई।
पुलिस ने आरोपी पटवारी पूजा रानी से लंबी पूछताछ कर बयान दर्ज किए, साथ ही मृतक महेश जोशी के परिजनों के भी बयान लिए। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक दिनेश फर्त्याल ने कहा कि जांच पूरी तरह निष्पक्ष और गहनता से की जा रही है तथा जल्द ही कार्रवाई सामने आएगी। फिलहाल प्रशासन ने पूजा रानी को मुख्यालय से अटैच कर दिया है और हल्द्वानी के लिए रिलीव कर दिया गया है।
इधर, ग्रामीणों और परिजनों ने मांग की है कि केवल एक पटवारी ही नहीं बल्कि पूरे राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली की जांच होनी चाहिए। वहीं महेश जोशी के पास से बरामद सुसाइड नोट की फोरेंसिक जांच भी कराई जाएगी।
गौरतलब है कि 20 सितंबर को तहसील परिसर में जहर खाने के बाद महेश जोशी की इलाज के दौरान राममूर्ति बरेली में मौत हो गई थी। उनकी जेब से मिले सुसाइड नोट में उन्होंने तहसील कर्मियों और पटवारी को मौत का जिम्मेदार ठहराया था। घटना के बाद सोमवार शाम सैकड़ों ग्रामीणों ने शव रखकर लालकुआं कोतवाली गेट पर करीब चार घंटे तक धरना-प्रदर्शन किया।
इस बीच जिला प्रशासन ने लालकुआं तहसील में दो नए पटवारियों की तैनाती की है और कहा है कि पुलिस जांच में हरसंभव सहयोग किया जाएगा।
