नैनीताल: भीमताल से नौकुचियाताल को जोड़ने वाले मुख्य पर्यटन मार्ग की बदहाल स्थिति को लेकर स्थानीय लोगों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने उच्च स्तरीय डामरीकरण और सौंदर्यीकरण की मांग उठाई है। दो प्रमुख झीलों के बीच स्थित करीब 6 किलोमीटर लंबी इस सड़क पर जगह-जगह डामर उखड़ चुका है, जिससे पूरी सड़क पर धूल उड़ रही है और राहगीरों के साथ ही सड़क किनारे स्थित दुकानों व घरों तक इसका असर पहुंच रहा है।
सामाजिक कार्यकर्ता पूरन बृजवासी ने बताया कि सड़क किनारे की नालियां झाड़ियों और मिट्टी-पत्थरों से पट चुकी हैं, जिससे जल निकासी बाधित हो रही है। सड़क और नाली के बीच जमा धूल-मिट्टी पर वाहनों के गुजरते ही धूल का गुबार उठता है। उन्होंने कहा कि विभाग को कई बार सड़क किनारे इंटरलॉक टाइल्स लगाने और खतरनाक यू-टर्न, हेयरपिन व तीव्र मोड़ों पर पर्यटन व यातायात सुरक्षा के उपाय करने के लिए कहा गया, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
उन्होंने लोक निर्माण विभाग से मांग की कि पूर्व में स्वीकृत किलोमीटर 1 और 2 के साथ ही किलोमीटर 3 और 4 में भी शीघ्र डामरीकरण कराया जाए तथा पूरे 6 किलोमीटर मार्ग का एक साथ उच्च गुणवत्ता वाला डामरीकरण किया जाए। बताया गया कि इस सड़क के सौंदर्यीकरण के लिए पहले केंद्र सरकार को प्रस्ताव भेजा गया था, लेकिन बजट स्वीकृत नहीं हो पाया। अब पर्यटन सड़क निधि से बजट आवंटन के लिए नया प्रस्ताव भेजने की आवश्यकता बताई जा रही है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह मार्ग क्षेत्र के पर्यटन के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, इसलिए जल्द कार्य शुरू कर पर्यटकों और आम जनता को बेहतर और सुरक्षित सुविधा दी जाए।
