हल्द्वानी : उत्तराखंड की खेल नगरी हल्द्वानी एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय खेलों की मेजबानी कर रही है। राष्ट्रीय खेलों की सफलता के बाद अब यहां एशियाई कैडेट कप फेंसिंग प्रतियोगिता का शुभारंभ हो गया है। चार दिवसीय इस टूर्नामेंट का उद्घाटन मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम में किया।
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने कहा कि तलवारबाजी भारत की गौरवशाली परंपरा रही है, जिसका उल्लेख प्राचीन शास्त्रों से लेकर रानी लक्ष्मीबाई जैसी वीरांगनाओं के इतिहास तक मिलता है। उन्होंने कहा कि आज फेंसिंग ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाई है और उत्तराखंड के खिलाड़ी भी देश-विदेश में राज्य का नाम रोशन कर रहे हैं।
सीएम धामी ने इस आयोजन के लिए भारतीय तलवारबाजी संघ और खेल विभाग को बधाई दी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएँ देने के लिए लगातार कदम उठा रही है। जल्द ही हल्द्वानी में खेल विश्वविद्यालय और लोहाघाट में महिला स्पोर्ट्स कॉलेज की स्थापना की जाएगी।
गौरतलब है कि इस एशियाई कैडेट कप में 17 देशों के 190 खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं। इनमें 46 विदेशी और 144 भारतीय खिलाड़ी शामिल हैं। विदेशी खिलाड़ियों में 13 महिलाएँ और 33 पुरुष मैदान में उतरेंगे। भारत के अलावा मंगोलिया, ईरान, बहरीन, इराक, इंडोनेशिया, कजाकिस्तान, मलेशिया, फिलीपींस, उज्बेकिस्तान, थाईलैंड, ब्रुनेई, ऑस्ट्रेलिया, तुर्कमेनिस्तान, लेबनान, ताजिकिस्तान और श्रीलंका के खिलाड़ी इस रोमांचक अंतरराष्ट्रीय मुकाबले का हिस्सा बन रहे हैं।
