हल्द्वानी: नैनीताल जिलाधिकारी ने बताया कि विकास किरौला पुत्र स्व. जी.एस. किरौला, निवासी बलोट होटल, भुजियाघाट, थाना नैनीताल के शस्त्र लाइसेंस के संबंध में उपलब्ध अभिलेखों और तथ्यों का परीक्षण किया गया। जांच में सामने आया कि लाइसेंसी का अपने पिता और सगे भाई के साथ संपत्ति से जुड़ा विवाद न्यायालय में विचाराधीन है।
रिकॉर्ड के अनुसार, इन मामलों से यह स्पष्ट होता है कि परिवार के सदस्यों के बीच गहरा वैमनस्य है और भावनात्मक उत्तेजना की स्थिति बनी हुई है। लाइसेंसी के पिता और भाई द्वारा अपने जीवन को लेकर भय भी व्यक्त किया गया है। प्रशासन का मानना है कि भूमि और संपत्ति से जुड़े पारिवारिक विवाद स्वभाव से ही संवेदनशील और तनावपूर्ण होते हैं।
जिलाधिकारी ने कहा कि ऐसे मामलों में शस्त्र की उपलब्धता स्थिति को और अधिक गंभीर बना सकती है। उपलब्ध तथ्यों के आधार पर यह आशंका भी व्यक्त की गई कि शस्त्र का दुरुपयोग परिवार के ही किसी सदस्य के विरुद्ध किया जा सकता है। इस प्रकार का विवाद न केवल पारिवारिक माहौल को प्रभावित करता है, बल्कि लोक शांति और सार्वजनिक व्यवस्था के लिए भी खतरा बन सकता है।
इन सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने यह निष्कर्ष निकाला कि संबंधित व्यक्ति का शस्त्र लाइसेंस बने रहना जनहित में उचित नहीं है। संभावित खतरे और परिस्थितियों को देखते हुए विकास किरौला का शस्त्र लाइसेंस निरस्त करने का निर्णय लिया गया है।
