हल्द्वानी: नैनीताल जिले में फर्जी दस्तावेज़ तैयार करने और उनका उपयोग करने के मामलों में लगातार बढ़ती शिकायतों के बाद प्रशासन ने कार्रवाई की रफ्तार और तेज कर दी है। जिले की सभी तहसीलों में एसडीएम स्तर की जांच टीमों द्वारा प्रमाणपत्रों एवं दस्तावेज़ों की गहन पड़ताल की जा रही है।
एडीएम नैनीताल विवेक राय ने बताया कि जांच के दौरान अब तक 48 स्थायी निवास प्रमाणपत्रों को निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू की जा चुकी है, जबकि 12 प्रमाणपत्रों को पुनः जांच (री–चेक) के दायरे में रखा गया है। इसके अलावा 60 स्थायी निवास प्रमाणपत्रों में गंभीर विसंगतियाँ पाई गई हैं, जिनकी जांच फिलहाल जारी है।
स्थायी निवास प्रमाणपत्रों के साथ-साथ जिले में राशन कार्डों की भी व्यापक जांच हो रही है। प्रशासन को अब तक 900 से अधिक ऐसे राशन कार्ड मिले हैं, जिन्हें अनुचित तरीके से बनवाया गया था और जिनका उपयोग कर पात्र लोगों को उनके हक से वंचित किया जा रहा था। ऐसे सभी राशन कार्डों को निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
अधिकारियों के अनुसार, आधार कार्ड और राशन कार्ड के दुरुपयोग पर भी विशेष निगरानी रखी जा रही है, ताकि कोई भी व्यक्ति भविष्य में फर्जी कागजात बनवाकर सरकारी योजनाओं का लाभ न ले सके।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा और फर्जी दस्तावेज़ तैयार करने या उनका उपयोग करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
