देहरादून: उत्तराखंड राज्य निर्वाचन आयोग ने हरिद्वार को छोड़कर प्रदेश के बाकी 12 जिलों में त्रिस्तरीय पंचायतों के खाली पड़े पदों पर उपचुनाव की अधिसूचना जारी कर दी है।
नामांकन 13 और 14 नवंबर को भरे जाएंगे, 15 नवंबर को जांच, 16 नवंबर को नाम वापसी, 20 नवंबर को मतदान, और 22 नवंबर को मतगणना होगी। अधिसूचना जारी होते ही आदर्श आचरण संहिता लागू हो गई है।
खाली पदों का ब्योरा
राज्य में जुलाई-अगस्त 2025 में हुए पंचायत चुनावों के बाद हजारों पद खाली रह गए थे। इनमें —
सदस्य ग्राम पंचायत: 32,934 पद
प्रधान ग्राम पंचायत: 22 पद
सदस्य क्षेत्र पंचायत: 2 पद
सदस्य जिला पंचायत: 1 पद
रुद्रप्रयाग जिले में सदस्य जिला पंचायत का 1 पद खाली है, जबकि उत्तरकाशी और चमोली जिले में सदस्य क्षेत्र पंचायत के 1-1 पद रिक्त हैं।

नामांकन प्रक्रिया
नामांकन तिथि: 13 और 14 नवंबर (सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक)
जांच: 15 नवंबर
नाम वापसी: 16 नवंबर (सुबह 10 से दोपहर 3 बजे तक)
चुनाव चिन्ह आवंटन: 16 नवंबर (दोपहर 3 बजे के बाद)
मतदान: 20 नवंबर (सुबह 8 से शाम 5 बजे तक)
मतगणना: 22 नवंबर (सुबह 8 बजे से कार्य समाप्ति तक)
नामांकन शुल्क
सदस्य ग्राम पंचायत: ₹150 (सामान्य), ₹75 (आरक्षित वर्ग/महिला)
प्रधान ग्राम पंचायत: ₹300 (सामान्य), ₹150 (आरक्षित वर्ग/महिला)
खर्च सीमा
सदस्य ग्राम पंचायत: ₹10,000
प्रधान ग्राम पंचायत व सदस्य क्षेत्र पंचायत: ₹75,000
सदस्य जिला पंचायत: ₹2,00,000
सदस्य ग्राम पंचायत, प्रधान ग्राम पंचायत और सदस्य क्षेत्र पंचायत के नामांकन ब्लॉक स्तर पर जमा होंगे।
सदस्य जिला पंचायत के नामांकन जिला मुख्यालय में लिए जाएंगे।
राज्य निर्वाचन आयुक्त सुशील कुमार ने बताया कि जिन ग्राम पंचायतों में अभी तक गठन नहीं हुआ है, वहां मतदान की संभावना अधिक है। जिलाधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि मतदान पार्टियों का गठन पहले किया जाए, लेकिन नियुक्ति आदेश नामांकन प्रक्रिया के बाद ही जारी हों, ताकि निर्विरोध चयन वाले क्षेत्रों में अनावश्यक तैनाती न की जाए।
