हल्द्वानी: मंगलवार को कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत ने हल्द्वानी तहसील कार्यालय का औचक निरीक्षण किया, जिसने तहसील की प्रशासनिक कमियों को उजागर कर दिया।
निरीक्षण के दौरान तहसीलदार, पटवारी और अमीन सहित अधिकारी लंबित मामलों की सही जानकारी देने में असमर्थ पाए गए। कमिश्नर द्वारा पूछे गए सवालों पर सभी अधिकारी एक-दूसरे को देखते रहे और संतोषजनक जवाब नहीं दे सके।
कमिश्नर ने तहसील परिसर में पार्किंग की अव्यवस्था, गंदगी और शौचालयों की खराब स्थिति पर भी नाराजगी जताई और तुरंत सुधार के आदेश दिए। कोर्ट रूम में लंबित मामलों, 143 प्रकरणों और बकाएदारों की सूची के बारे में पूछे जाने पर अधिकारी संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। पत्रावलियों के रखरखाव को भी कमिश्नर ने असंतोषजनक बताया।
कमिश्नर रावत ने साफ निर्देश दिए कि अगले तीन माह में सभी लंबित मामले निपटाए जाएँ, अन्यथा जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान कमिश्नर की सख्त नाराजगी और सवाल-जवाब ने तहसील की व्यवस्थाओं की वास्तविक स्थिति को बेनकाब कर दिया।
