हल्द्वानी: शहर में व्यावसायिक गैस सिलिंडरों की आपूर्ति ठप होने का असर अब संस्थानों और छोटे कारोबारियों पर साफ दिखाई देने लगा है। सबसे ज्यादा परेशानी सुशीला तिवारी मेडिकल कॉलेज की मेस में देखने को मिल रही है, जहां कमर्शियल गैस खत्म होने के कारण लकड़ी और डीजल के चूल्हे पर खाना बनाना पड़ रहा है।
मेडिकल कॉलेज के बॉयज और गर्ल्स हॉस्टल की मेस के प्रबंधक कन्हैया सिंह राजपूत ने बताया कि रोजाना करीब 600 लोगों के लिए सुबह, दोपहर और शाम का भोजन तैयार किया जाता है, जिसके लिए कम से कम पांच व्यावसायिक सिलिंडर की जरूरत होती है। लेकिन पिछले तीन दिनों से सिलिंडर नहीं मिलने के कारण मेस में लकड़ी और डीजल के चूल्हे का सहारा लेना पड़ रहा है। इस वजह से रोटियां भी नहीं बन पा रही हैं और फिलहाल छात्रों को दाल, सब्जी और चावल ही दिया जा रहा है।
वहीं नर्सिंग हॉस्टल की मेस में भी गैस खत्म हो चुकी है। मेस संचालक रमेश तिवारी ने बताया कि यहां करीब 180 नर्सों का खाना बनता है, जिसके लिए रोजाना दो कमर्शियल सिलिंडर की जरूरत पड़ती है।
इस मामले में मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. जीएस तितियाल ने बताया कि बॉयज हॉस्टल के संचालक ने गैस कनेक्शन रुद्रपुर से लिया हुआ है, जिस कारण सिलिंडर मिलने में दिक्कत हो रही है। उन्होंने कहा कि प्रशासन से संपर्क कर जल्द गैस उपलब्ध कराने की कोशिश की जा रही है।
उधर बेस अस्पताल हल्द्वानी के पीएमएस केएस दत्ताल ने बताया कि अस्पताल की मेस के लिए दो व्यावसायिक सिलिंडरों की मांग की गई है और इसके लिए सीएमओ को पत्र भेजा गया है। अस्पताल में रोज करीब 80 मरीजों के लिए भोजन तैयार किया जाता है।
