हल्द्वानी: मोटाहल्दू क्षेत्र के जंगलों से बड़ी संख्या में खैर के पेड़ काटे जाने के मामले में प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। तराई केन्द्रीय वन प्रभाग की हल्द्वानी रेंज के रेंजर आनंद कुमार को निलंबित कर दिया गया है। इससे पहले इस मामले में वन आरक्षी, वन दरोगा और डिप्टी रेंजर पर भी कार्रवाई की जा चुकी है।
जानकारी के अनुसार, तस्कर लंबे समय से खैर की लकड़ी की चोरी कर रहे थे। विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच विवाद के चलते यह मामला 13 जुलाई को सामने आया। प्रारंभिक जांच में लगभग 81 खैर के पेड़ काटे जाने और उन्हें छुपाने की पुष्टि हुई। इस पर डीएफओ यूसी तिवारी ने रेंजर आनंद कुमार को कार्यालय से अटैच कर दिया था और अन्य कर्मचारियों को निलंबित किया था। जांच की जिम्मेदारी एसडीओ मनिंदर कौर को दी गई थी।
दो महीने बीत जाने के बाद भी जांच पूरी नहीं हुई, लेकिन मामला लगातार मीडिया में चर्चा में रहा। मुख्यालय ने इसे गंभीरता से लेते हुए प्रमुख वन संरक्षक डॉ. समीर सिन्हा के निर्देश पर रेंजर आनंद कुमार को निलंबित कर अल्मोड़ा अटैच कर दिया है।
इस कार्रवाई से वन विभाग में हलचल मच गई है। माना जा रहा है कि तस्करों और कुछ अधिकारियों की मिलीभगत से यह बड़ा वन अपराध सामने आया है। उच्च अधिकारी लगातार जांच कर रहे हैं और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
