देहरादून: उत्तराखंड में बारिश का दौर अभी पूरी तरह थमा नहीं है। हालांकि प्रदेश के कुछ हिस्सों में बारिश की रफ्तार कम हुई है, लेकिन पर्वतीय क्षेत्रों में तेज बौछारें जारी हैं। खासकर कुमाऊं मंडल के कई इलाकों में जोरदार बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों तक प्रदेश में मौसम के इसी तरह बने रहने का अनुमान जताया है।
मौसम विभाग के अनुसार शनिवार को प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। वहीं देहरादून, पौड़ी, टिहरी, चमोली, रुद्रप्रयाग, चंपावत, पिथौरागढ़, बागेश्वर और नैनीताल में कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ भारी बारिश होने की संभावना है। इन जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है।
पिछले कुछ घंटों के दौरान कुमाऊं के कई क्षेत्रों में बारिश का असर ज्यादा देखने को मिला। हल्द्वानी में सबसे अधिक 58 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। बारिश के कारण कई स्थानों पर जनजीवन प्रभावित हुआ है, जबकि पहाड़ी इलाकों में सड़क और यातायात व्यवस्था पर भी असर पड़ने की संभावना बनी हुई है।
गढ़वाल मंडल के पर्वतीय क्षेत्रों में भी कुछ स्थानों पर बूंदाबांदी और हल्की बारिश हुई। वहीं मैदानी क्षेत्रों में कई जगह दिन के समय धूप निकलने से तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई।
मौसम विभाग ने देहरादून, पौड़ी, टिहरी, चमोली, रुद्रप्रयाग, चंपावत, पिथौरागढ़, बागेश्वर और नैनीताल में भारी बारिश की संभावना जताई है। इन क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ तेज बौछारें पड़ सकती हैं।
प्रशासन की ओर से भी बारिश के दौरान लोगों से सावधानी बरतने और अनावश्यक रूप से संवेदनशील पहाड़ी मार्गों पर यात्रा करने से बचने की अपील की गई है। विशेष रूप से भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में मौसम की स्थिति को देखते हुए ही आवाजाही करने की सलाह दी गई है।
फिलहाल प्रदेश में मानसून की सक्रियता बनी हुई है और अगले कुछ दिनों तक लोगों को बारिश से राहत मिलने की संभावना कम है।

