हल्द्वानी: बनभूलपुरा थाना क्षेत्र से करीब डेढ़ माह पहले लापता हुई किशोरी को हल्द्वानी पुलिस ने गुजरात के जामनगर से बरामद कर लिया। किशोरी को अपने साथ ले जाने वाला किशोर भी पुलिस के हाथ लगा है। दोनों जामनगर के एक सिनेमा हॉल में फिल्म देखने पहुंचे थे, जहां मुखबिर की सूचना के बाद हल्द्वानी पुलिस ने गुजरात पुलिस के सहयोग से दोनों को बरामद किया।
पुलिस के मुताबिक, किशोरी के लापता होने के बाद से ही उसकी तलाश की जा रही थी। जांच के दौरान पुलिस को कई तरह की तकनीकी दिक्कतों का भी सामना करना पड़ा। पुलिस के अनुसार घर से निकलने के करीब 10 दिन के भीतर किशोर ने अपने दोनों मोबाइल फोन ई-कॉमर्स पोर्टल पर बेच दिए थे। ई-कॉमर्स पोर्टल की गोपनीयता नीति के कारण पुलिस को खरीदार और विक्रेता से संबंधित जानकारी नहीं मिल सकी। इसके चलते किशोर और किशोरी की लोकेशन ट्रेस करना मुश्किल हो गया था।
इसके बाद पुलिस ने तकनीकी सर्विलांस के जरिए दोनों की तलाश जारी रखी। 8 अगस्त को किशोर ने नए मोबाइल फोन में अपनी इंस्टाग्राम आईडी लॉग इन की। सर्विलांस टीम ने इंस्टाग्राम आईडी से संबंधित IP एड्रेस को ट्रेस किया तो उसकी लोकेशन गुजरात के जामनगर में मिली। इसके बाद पुलिस ने जामनगर में दोनों की गतिविधियों पर नजर रखना शुरू किया।
16 अगस्त को हल्द्वानी पुलिस को मुखबिर के माध्यम से सूचना मिली कि किशोर और किशोरी जामनगर के एक सिनेमा हॉल में फिल्म देखने पहुंचे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस ने गुजरात पुलिस से संपर्क किया। इसके बाद स्थानीय पुलिस की मदद से कार्रवाई की गई और करीब एक घंटे के भीतर दोनों को सिनेमा हॉल से बरामद कर लिया गया।
पुलिस ने किशोरी को बहला-फुसलाकर ले जाने के आरोप में किशोर के खिलाफ पहले ही प्राथमिकी दर्ज कर रखी थी। अब पुलिस दोनों को हल्द्वानी लाने की तैयारी कर रही है। इसके लिए पुलिस की एक टीम को गुजरात भेजा गया है।
पुलिस के अनुसार किशोरी को सकुशल हल्द्वानी लाने के बाद उसे उसके परिवार के सुपुर्द किया जाएगा। इसके बाद मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस के अनुसार 1 जुलाई को किशोरी के पिता उसे स्कूल के बाहर छोड़कर गए थे। दोपहर में छुट्टी के समय जब पिता उसे लेने पहुंचे तो उन्हें पता चला कि किशोरी स्कूल पहुंची ही नहीं थी। इसके बाद परिजनों ने मामले की जानकारी पुलिस को दी।
पुलिस ने किशोरी की तलाश के लिए स्कूल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। फुटेज में किशोरी एक किशोर के साथ स्कूटी पर जाती हुई दिखाई दी। इसके बाद पुलिस ने मामले की जांच आगे बढ़ाई।
जांच में सामने आया कि किशोर ने घर से कुछ दूरी पर किशोरी को स्कूटी से उतार दिया था। इसके बाद वह स्कूटी लेकर अपने घर चला गया और वहां वाहन खड़ा कर दिया। बाद में दोनों सार्वजनिक परिवहन के माध्यम से दूसरे राज्य के लिए रवाना हो गए।
पुलिस ने जब दोनों की तलाश शुरू की तो उनके पास मौजूद मोबाइल फोन भी बड़ी चुनौती बन गए। घर से निकलने के करीब 10 दिन बाद किशोर ने अपने दोनों मोबाइल फोन ई-कॉमर्स पोर्टल पर बेच दिए थे। इसके चलते पुलिस के लिए मोबाइल के जरिए उनकी लोकेशन पता करना मुश्किल हो गया।
हालांकि, 8 अगस्त को नए मोबाइल में इंस्टाग्राम आईडी लॉग इन किए जाने के बाद पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग मिला। सर्विलांस टीम ने IP एड्रेस की मदद से लोकेशन गुजरात के जामनगर तक पहुंचाई। इसके बाद मुखबिर की सूचना ने पुलिस को दोनों तक पहुंचने में मदद की।
पुलिस के मुताबिक दोनों गुजरात के जामनगर तक किस रास्ते से पहुंचे और इस दौरान कहां-कहां रहे, इसकी पूरी जानकारी हल्द्वानी लाए जाने के बाद पूछताछ में सामने आएगी।

