नई दिल्ली। कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने मंगलवार को केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी को लेकर तीखा हमला बोला । उन्होंने आरोप लगाया कि शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग कर रहे युवाओं के प्रदर्शन के बाद केंद्र सरकार ने ऐसे व्यक्ति को शिक्षा मंत्री बनाया है, जो बलात्कारियों का बचाव करता है। राहुल गांधी ने संसद परिसर में पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा कि, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने मंत्रिमंडल से किसी अन्य व्यक्ति को शिक्षा मंत्री बन सकते थे लेकिन उन्होंने ऐसे व्यक्ति को चुना जिन पर गंभीर आरोप लगाए जा रहे हैं।बाद में राहुल गांधी ने सोशल मीडिया मंच में एक्स पर भी इस मुद्दे को लेकर शिक्षा मंत्री पर निशाना साधा।
इससे पहले लोकसभा में कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने बिलकिस बानो मामले से जुड़ी एक अखबार की खबर पर हवाला देते हुए शिक्षा मंत्री की पर टिप्पणी की। सत्ता पक्ष के सदस्यों ने इसका विरोध किया, जिसके बाद सदन में कुछ देर तक हंगामा हुआ और संबंधित टिप्पणी को कार्रवाई से हटा दिया गया।
संसदीय कार्य मंत्री कीरेन रीजीजू ने प्रियंका गांधी के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि बिना सत्यापन के इस तरह के आरोप लगाना उचित नहीं है। उन्होंने मांग करते हुए कहा कि यदि आरोप साबित नहीं किए जा सकते तो प्रियंका गांधी सदन से माफी मांगे।
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने भी कहा कि सदन में बिना तथ्यों के किसी पर आरोप नहीं लगाए जाने चाहिए। वहीं केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रहलाद जोशी ने अपने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि प्रियंका गांधी इस तरह का आरोप लगाकर बच नहीं सकती। उन्होंने कांग्रेस सांसद से माफी की मांग करते हुए उनके खिलाफ कार्यवाही की भी मांग की है। जवाब में प्रियंका गांधी ने कहा वह उचित माध्यम से अपने दावों का सत्यापन प्रस्तुत करेंगी।
