गुलदार का खौफ
रामनगर: कॉर्बेट से सटे रामनगर वन प्रभाग क्षेत्र में बाघ के हमले से एक बार फिर दहशत फैल गई है। नया बायपास पुल के पास बेला बीट क्षेत्र में देर शाम बाघ ने एक व्यक्ति पर हमला कर उसे सड़क से उठाकर जंगल के भीतर घसीट लिया। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और तुरंत सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया, लेकिन अंधेरा ज्यादा होने के कारण देर रात अभियान रोकना पड़ा।
शनिवार तड़के एक बार फिर वन विभाग की टीम ने सर्च ऑपरेशन शुरू किया। फायरिंग और बम-पटाखों की आवाज के बीच बाघ के पगचिह्नों का पीछा करते हुए टीम करीब दो किलोमीटर अंदर जंगल तक पहुंची। इसी दौरान जंगल के भीतर व्यक्ति का अधखाया शव बरामद हुआ। वन विभाग के अनुसार शव के रूप में केवल सिर ही मिला है, जबकि बाकी शरीर के अंग बाघ खा चुका था।
रामनगर वन प्रभाग के एसडीओ अंकित बडोला ने बताया कि घटना देर शाम की है, जब बाघ व्यक्ति को सड़क से उठाकर जंगल के अंदर ले गया था। रात में लगातार खोजबीन की गई, लेकिन सुरक्षा कारणों से अंधेरे में अभियान रोकना पड़ा। सुबह दोबारा सघन सर्च अभियान चलाया गया, जिसके दौरान शव बरामद किया गया।
उन्होंने बताया कि फिलहाल मृतक की पहचान नहीं हो सकी है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा है और पहचान के लिए डीएनए सैंपल भी लिया जाएगा। एहतियात के तौर पर वन विभाग ने इलाके में सतर्कता बढ़ा दी है और आसपास के गांवों के लोगों को जंगल की ओर न जाने की सख्त हिदायत दी गई है।
गौरतलब है कि कॉर्बेट टाइगर रिजर्व और रामनगर वन प्रभाग से जुड़े इलाकों में बीते एक महीने के भीतर बाघों के हमलों में अब तक चार लोगों की मौत हो चुकी है। लगातार हो रही इन घटनाओं से स्थानीय लोगों में भारी डर का माहौल है और मानव-वन्यजीव संघर्ष वन विभाग के लिए बड़ी चुनौती बनता जा रहा है।
