हरिद्वार/देहरादून: अंकिता भंडारी हत्याकांड से जुड़े कथित ‘वीआईपी’ विवाद ने एक बार फिर राजनीतिक और कानूनी हलकों में हलचल बढ़ा दी है। वायरल ऑडियो और वीडियो क्लिप मामले में पुलिस ने पूर्व भाजपा विधायक सुरेश राठौर को गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस टीम ने उन्हें हरिद्वार के बुग्गावाला स्थित कार्यालय से हिरासत में लिया और बाद में देहरादून के डालनवाला थाने पहुंचाकर औपचारिक गिरफ्तारी की प्रक्रिया पूरी की। पुलिस का कहना है कि सोशल मीडिया पर प्रसारित कथित आपत्तिजनक सामग्री को लेकर उनके खिलाफ विभिन्न थानों में मुकदमे दर्ज हैं।
गौरतलब है कि कुछ दिन पहले सुरेश राठौर ने प्रेस वार्ता कर दावा किया था कि उनके खिलाफ दर्ज चार मामलों में से दो को उत्तराखंड हाईकोर्ट निरस्त कर चुका है, जबकि बाकी मामलों की जांच जारी है।
विवाद उस समय और गहरा गया जब वायरल क्लिप में कथित तौर पर भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव एवं उत्तराखंड प्रभारी दुष्यंत गौतम का नाम ‘वीआईपी’ के रूप में सामने आने का दावा किया गया। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि इससे उनकी छवि को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की गई।
हालांकि सुरेश राठौर लगातार इन आरोपों से इनकार करते रहे हैं। उनका कहना है कि उन्होंने न तो कोई ऑडियो-वीडियो जारी किया और न ही किसी पार्टी नेता या मुख्यमंत्री के खिलाफ टिप्पणी की।
उल्लेखनीय है कि वर्ष 2022 में हुए अंकिता भंडारी हत्याकांड ने पूरे उत्तराखंड को झकझोर दिया था। मामले में रिसॉर्ट संचालक सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था, जिन्हें बाद में अदालत ने दोषी ठहराया था।
