नैनीताल: जिले के नाथुवाखान (गड़गांव) क्षेत्र में एक किसान द्वारा खुद को गोली मारकर जान देने की घटना से इलाके में सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान 60 वर्षीय मोहन सिंह के रूप में हुई है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि उन्होंने अवैध तमंचे से अपनी कनपटी पर गोली मारकर आत्महत्या की। पुलिस मामले की जांच कर रही है और यह पता लगाने में जुटी है कि उनके पास अवैध हथियार कहां से आया और घटना के पीछे क्या कारण था।
जानकारी के अनुसार, घटना से पहले मोहन सिंह ने अपनी पत्नी को पानी भरने के लिए घर से बाहर भेज दिया, ताकि कमरे में कोई व्यवधान न हो। पत्नी के घर से निकलते ही उन्होंने कमरे का दरवाजा अंदर से बंद कर लिया।
इसके बाद पास रखे अवैध तमंचे को अपनी कनपटी पर सटाकर ट्रिगर दबा दिया। बेहद नजदीक से चली गोली उनके सिर में लगी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल होकर कमरे में गिर पड़े।
गोली चलने की तेज आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण और परिवार के अन्य सदस्य तुरंत मौके पर पहुंचे। दरवाजा खोलने पर मोहन सिंह खून से लथपथ हालत में कमरे के अंदर पड़े मिले। परिजन उन्हें तत्काल हल्द्वानी स्थित सुशीला तिवारी अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। पुलिस ने आवश्यक साक्ष्य एकत्र किए हैं और शव का पंचनामा भरने के बाद पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
प्राथमिक जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि घटना में इस्तेमाल किया गया हथियार अवैध तमंचा था। पुलिस अब दो प्रमुख पहलुओं की जांच कर रही है—पहला, मोहन सिंह के पास यह अवैध हथियार कैसे पहुंचा और किसने उपलब्ध कराया। दूसरा, वह किन परिस्थितियों या मानसिक तनाव से गुजर रहे थे, जिसने उन्हें इतना बड़ा कदम उठाने पर मजबूर किया।
मोहन सिंह अपने पीछे पत्नी और दो बेटों का परिवार छोड़ गए हैं। घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है और जांच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
