देहरादून: उत्तराखंड सरकार ने रोडवेज की सेवाओं को मजबूत बनाने और परिवहन निगम को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। परिवहन मंत्री प्रदीप बत्रा ने सोमवार को विभागीय समीक्षा बैठक में अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए। बैठक में निर्माणाधीन बस स्टेशनों का काम तेजी से पूरा करने, पहाड़ी क्षेत्रों में नई मिनी बसें चलाने और इलेक्ट्रिक बसों के लिए जरूरी सुविधाएं विकसित करने पर विशेष जोर दिया गया।
परिवहन मंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार से जल्द ही उत्तराखंड को 140 इलेक्ट्रिक बसें मिलने वाली हैं। इन बसों के शामिल होने से प्रदेश की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था और अधिक आधुनिक, सुविधाजनक और पर्यावरण अनुकूल बनेगी।
विधानसभा स्थित सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में मंत्री ने रामनगर और टनकपुर में बन रहे बस स्टेशनों का शेष निर्माण कार्य तय समय सीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यात्रियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है और इसमें किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में बताया गया कि चारधाम यात्रा के दौरान उत्तराखंड परिवहन निगम को अब तक करीब आठ करोड़ रुपये की आय प्राप्त हुई है। वहीं दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर किराया कम किए जाने के बाद रोडवेज बसों में यात्रियों की संख्या भी बढ़ी है।
परिवहन मंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य निगम को घाटे से निकालकर आत्मनिर्भर बनाना है। इसी योजना के तहत प्रदेश के पर्वतीय और दूरस्थ इलाकों में 50 नई मिनी बसों का संचालन शुरू किया जाएगा, ताकि छोटे और दुर्गम मार्गों पर भी लोगों को बेहतर परिवहन सुविधा मिल सके।
इलेक्ट्रिक बसों के संचालन को देखते हुए पूरे प्रदेश में चार्जिंग स्टेशनों का नेटवर्क भी बढ़ाया जाएगा। इसके अलावा टिकट बुकिंग व्यवस्था को और आसान बनाने के लिए कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) के माध्यम से भी टिकट उपलब्ध कराने की व्यवस्था मजबूत की जाएगी।
बैठक में परिवहन विभाग के कार्यालयों के आधुनिकीकरण, सभी जिलों में सिटी बस सेवा शुरू करने की योजना, बसों की मरम्मत, पुराने वाहनों को चरणबद्ध तरीके से हटाने, रिक्त पदों पर भर्ती, बस स्टेशनों पर यात्रियों की सुविधाओं में सुधार, ऑनलाइन टिकट बुकिंग, शिकायतों के त्वरित निस्तारण और तकनीकी उन्नयन जैसे मुद्दों पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
परिवहन मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि प्रदेश की परिवहन व्यवस्था को समय के अनुरूप आधुनिक और भरोसेमंद बनाना सरकार की प्राथमिकता है। इसके लिए सभी परियोजनाओं को तय समय में पूरा किया जाए, ताकि यात्रियों को बेहतर और सुरक्षित सफर की सुविधा मिल सके।
