बबिता पांडे चौथे दिन भी नहीं मिली.
उत्तरकाशी: उत्तराखंड के प्रसिद्ध पर्यटन और ट्रेकिंग स्थल दयारा बुग्याल से एक महिला ट्रेकर के लापता होने का मामला सामने आया है। नैनीताल निवासी 30 वर्षीय बबिता पांडे पिछले 4 दिनों से लापता हैं। लगातार चल रहे खोज अभियान के बावजूद उनका अब तक कोई सुराग नहीं मिल पाया है।
जानकारी के अनुसार बबिता पांडे 10 सदस्यीय ट्रेकिंग दल के साथ एक स्थानीय एजेंसी के माध्यम से दयारा बुग्याल ट्रेक पर पहुंची थीं। ट्रेकिंग दल गोई कैंप क्षेत्र में ठहरा हुआ था। बताया जा रहा है कि 29 मई की रात बबिता अपने टेंट से बाहर निकलीं, लेकिन इसके बाद वापस कैंप में नहीं लौटीं।
अगली सुबह जब ट्रेकिंग दल के सदस्यों और एजेंसी कर्मियों ने बबिता को कैंप में नहीं देखा तो उनकी तलाश शुरू की गई। काफी खोजबीन के बाद भी जब उनका पता नहीं चला तो मामले की सूचना वन विभाग और प्रशासन को दी गई।
सूचना मिलते ही प्रशासन ने पुलिस, वन विभाग और एसडीआरएफ की संयुक्त टीमों को खोज अभियान में लगाया।
वर्तमान में गोई कैंप, दयारा बुग्याल और आसपास के जंगलों, ट्रेकिंग मार्गों तथा संभावित क्षेत्रों में व्यापक सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। खराब मौसम और दुर्गम पहाड़ी भूभाग के बावजूद रेस्क्यू टीमें दिन-रात तलाश में जुटी हुई हैं।
टकनौर रेंज के रेंज अधिकारी रूपमोहन नौटियाल ने बताया कि सभी संबंधित विभागों को सक्रिय कर दिया गया है और हर संभावित स्थान पर तलाश की जा रही है। सुरक्षा की दृष्टि से ट्रेकिंग दल के अन्य सदस्यों को गोई कैंप में ही रोका गया है और उनसे भी घटना से जुड़ी जानकारी जुटाई जा रही है।
